फील्ड में किए कार्य  

1) वर्ष 1999 में जींद से बिहार रेलवे द्वारा 416 गायो कि लदान पर प्रतिबंध लगवाया|
2) वर्ष 2001 में जींद से कलकता रेलवे द्वारा 647 भेंसो कि लदान पर प्रतिबंध लगवाया|
 3 वर्ष 2001 से वर्ष 2010 तक खेल-तमाशा दिखने वाले मदारियों के कब्जे में से करीब 125 बंदर, सांप, नैवलो को मुक्त करवाया|
4) वर्ष 2001 से वर्ष 2010 तक 150 के करीब पशु-चिकित्सा शिवरों का आयोजन कर हजारो पशुओ का इलाज किया|
 5) 700 के करीब आवारा गायो को प्रदेश कि विभिन्न गौशालाओ में शरण दिलवाई|
 6) 1500 के करीब सडक दुर्घटना में घायल पशुओ को चिकित्सा सुविधा दी|
7) 550 से ज्यादा मामले पशु क्रूरता अधिनियम 1960 के तहत पकड़कर प्रदेश के विभिन्न पुलिसथानों में F.I.R दर्ज करवाई|
8) 150 के करीब अवैध मीट शॉप बंद करवाए|
9) फसलो पर जहरीली दवाईयो के प्रयोग को रोकने के लिए करीब 100 सैमीनारो का आयोजन किया|
10) प्रदेश के सभी पुलिस थानों में पशु क्रूरता से सम्बन्धित कानून कि प्रतियां उपलब्ध करवाई|
11)
 
200 के करीब स्कूलो में सैमीनारो का आयोजन कर बचो को पशुओ के प्रति प्रेम दया एवं माननीय व्यवहार करने कि प्रेरणा दी|
12) 400 के करीब ग्रामीण क्षेत्रों में सेमिनार लगाकर दुधारू पशुओ पर पर इस्तमाल किये जा रहे आकसीटोसीन इंजैक्शन की हानियों के बारे में जनता को जागृत किया|
13) आवारा कुत्तो को एंटी-रैबीज इंजैक्शन लगाने का प्रदेश भर में अभियान|
14) 200 के करीब आवारा गायो को लोगो को गोद दिलवाया||

 

 
                                       
 

 

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